ऑटो में सवारी बनकर महिलाओं को बनाते थे निशाना, बातचीत में उलझाकर उड़ा देते थे गहने; चार गिरफ्तार
वाराणसी :- ऑटो और ई-रिक्शा में सवारी बनकर बैठने के बाद महिला यात्रियों को बातचीत में उलझाकर उनके आभूषण चोरी करने वाले अंतरजनपदीय गिरोह का वाराणसी पुलिस ने खुलासा किया है। लालपुर-पाण्डेयपुर थाना पुलिस और सर्विलांस सेल की संयुक्त टीम ने कार्रवाई करते हुए गिरोह के कथित सरगना समेत तीन महिलाओं को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक आरोपी अलग-अलग जिलों में इसी तरीके से वारदातों को अंजाम देते थे।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से दो पीली धातु की चेन, दो मोबाइल फोन, 27 हजार रुपये नकद और वारदात में इस्तेमाल सफेद रंग की स्कॉर्पियो बरामद की है।
ऑटो में पहले से बैठी थीं तीन महिलाएं
पुलिस के अनुसार, 8 सितंबर को लालपुर-पाण्डेयपुर क्षेत्र के काली माता मंदिर के पास एक महिला ऑटो में सवार हुई थी। ऑटो में पहले से मौजूद तीन महिलाओं ने उसे बातचीत में उलझा लिया। इसी दौरान उसके गले से सोने की चेन चोरी कर ली गई। पीड़िता की तहरीर पर 9 सितंबर को लालपुर-पाण्डेयपुर थाने में संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया था।
मामले की जांच उपनिरीक्षक रोशन कुमार को सौंपी गई। इसके बाद पुलिस ने घटनास्थल और आसपास के इलाकों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालने के साथ सर्विलांस की मदद से आरोपियों की पहचान और तलाश शुरू की।
आजमगढ़ रोड पर घेराबंदी कर पकड़े गए
पुलिस टीम को 16 सितंबर की सुबह करीब 8:40 बजे आरोपियों के आजमगढ़ रोड स्थित ऑटो स्टैंड के पास आने की सूचना मिली। सूचना के आधार पर पुलिस ने घेराबंदी की और मौके से चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान बैजनाथ उर्फ बैजू (50), निवासी बड़हलगंज, गोरखपुर, सीमा (30), निवासी बड़हलगंज, गोरखपुर, पिंकी (28), निवासी रौनापार, आजमगढ़ और कुसुम (30), निवासी बड़हलगंज, गोरखपुर के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक बैजनाथ स्कॉर्पियो चलाता था और गिरोह में उसकी मुख्य भूमिका थी।
स्कॉर्पियो से पहुंचते थे शहर, फिर शुरू होता था खेल
पूछताछ में पुलिस के अनुसार आरोपियों ने बताया कि वे स्कॉर्पियो से अलग-अलग जिलों के प्रमुख शहरों में पहुंचते थे। इसके बाद गिरोह की महिलाएं ऑटो या ई-रिक्शा में सवारी बनकर बैठ जाती थीं। अकेली महिला यात्री को बातचीत में उलझाकर उसका ध्यान भटकाया जाता और इसी दौरान उसके गहनों पर हाथ साफ कर दिया जाता था।
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि गिरफ्तार महिलाओं के खिलाफ आजमगढ़ और जौनपुर के कोतवाली थानों में चोरी और धोखाधड़ी से जुड़े कई मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ विधिक कार्रवाई करते हुए उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया है।
कार्रवाई में शामिल रही टीम
गिरफ्तारी करने वाली टीम में प्रभारी निरीक्षक अतुल कुमार सिंह, उपनिरीक्षक रोशन कुमार, उपनिरीक्षक श्यामनारायण, हेड कांस्टेबल चंद्रशेन सिंह, हेड कांस्टेबल विनीत सिंह, कांस्टेबल दिनेश सिंह, निरंजन कुमार, दीपक गोंड, महिला कांस्टेबल अनीता सरोज, गुड़िया और कुमारी अन्नू शामिल रहीं। सर्विलांस सेल से कांस्टेबल ब्रजेश यादव और अनुपम सिंह ने भी कार्रवाई में सहयोग किया।

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